अम्बेडकरनगर । राजकीय मेडिकल कॉलेज शिक्षक संघ की बैठक में सर्वसम्मति से यह संकल्प लिया गया कि शिक्षक संघ न केवल अपने सदस्यों के कल्याण के लिए सक्रिय रहेगा, बल्कि संस्थान की शैक्षणिक गुणवत्ता और सामाजिक प्रतिबद्धताओं को भी सुदृढ़ करेगा।
बैठक में शिक्षकों से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श करते हुए संघ ने शासन एवं प्रशासन के समक्ष एसजीपीजीआई (SGPGI), केजीएमयू (KGMU) एवं आरएमएल (RML), लखनऊ के समान वेतनमान और भत्ते लागू किए जाने की प्रमुख माँग रखी। संघ का मत था कि वर्तमान वित्तीय विसंगतियों को दूर किए बिना योग्य शिक्षकों को आकर्षित करना और उन्हें संस्थान से दीर्घकाल तक जोड़े रखना कठिन होगा। इसलिए समान कार्य के लिए समान वेतन के सिद्धांत को लागू किया जाना अत्यंत आवश्यक है।
संस्थान के बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से शिक्षक संघ ने परिसर में ओपन जिम, क्रिकेट बॉक्स तथा स्विमिंग पूल के निर्माण का प्रस्ताव रखा। संघ का मानना है कि ऐसी सुविधाएँ शिक्षकों, कर्मचारियों एवं विद्यार्थियों के शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में सहायक होंगी तथा परिसर के समग्र वातावरण को सकारात्मक बनाएंगी।
शोध और शैक्षणिक उत्कृष्टता को बढ़ावा देने के लिए राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर की गोष्ठियों (Seminars/Conferences) में सहभागिता हेतु विशेष भत्ता उपलब्ध कराने की भी माँग की गई।
संघ ने कहा कि इससे संकाय सदस्यों को नवीनतम चिकित्सा ज्ञान, तकनीकों एवं शोध प्रवृत्तियों से जुड़ने का अवसर मिलेगा, जिसका प्रत्यक्ष लाभ संस्थान और विद्यार्थियों को प्राप्त होगा।
शिक्षक संघ ने अपनी सामाजिक जिम्मेदारियों को भी गंभीरता से रेखांकित किया। बैठक में निर्णय लिया गया कि भविष्य में विभिन्न सामाजिक जागरूकता अभियानों—जैसे स्वास्थ्य जागरूकता, स्वच्छता, रोग-निवारण एवं जनशिक्षा—का नियमित संचालन किया जाएगा। इसके साथ ही ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में समय-समय पर निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर (Health Camps) आयोजित किए जाएंगे, ताकि जरूरतमंद लोगों को गुणवत्तापूर्ण चिकित्सा परामर्श एवं सेवाएँ उपलब्ध कराई जा सकें। संघ ने यह भी संकल्प लिया कि जनहित से जुड़े अन्य कार्यक्रमों में भी सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की जाएगी, जिससे समाज के सर्वांगीण विकास में सार्थक योगदान दिया जा सके।
बैठक के दौरान संघ के अध्यक्ष डॉ. मुकेश राना ने विस्तृत एजेंडा समस्त सदस्यों के समक्ष प्रस्तुत किया और विभिन्न प्रस्तावों पर सदस्यों के विचार आमंत्रित किए। सदस्यों ने सक्रिय भागीदारी करते हुए प्रस्तावों का समर्थन किया और उन्हें आगे बढ़ाने के लिए सामूहिक प्रयास का आश्वासन दिया। अंत में महासचिव डॉ. अजय कुमार सिंह ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत किया, जिसके साथ बैठक का औपचारिक समापन हुआ।
संघ ने अपने वक्तव्य में स्पष्ट किया, “हमारा लक्ष्य न केवल शिक्षकों के अधिकारों की रक्षा करना है, बल्कि एक स्वस्थ, जागरूक और सशक्त समाज के निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना भी है।”





